पुत्री को पत्र
पुत्री को पत्र प्रिय तान्या खुश रहो कुछ दिनों से देख रही हूँ तुम बीच बीच में बहुत भावुक हो जाती हो।कल ही तुमने बातों बातों में मुझसे कहा कि माँ कभी-कभी लगता है मैं तुम्हारेजैसी होती जा रही हूँ। अब तो वही सब करने लगी हूँ जिनका मैं कभी मजाक बनाया करती थी। माँ तुम्हारा…
Dewy Loves
Dewy Loves I’m wearing on my shoulders the coquettish autumns, as jewels, the green singing of the bird with the wide open wings, when the cunning destiny gathers us again into a syllable, it rains with soft snowfalls over the blue hours. Then I’m carrying the Gate key in my quiet hands, the boundless horizon,…
सुबह, दोपहर और शाम
सुबह, दोपहर और शाम दिसम्बर का अंतिम सप्ताह भारत के उत्तरी भाग में सिहरन, ठिठुरन, धूप की गर्मी, कम्बल और रजाई के मखमली अहसास और आग की तपन का होता है। और इसी महीने में आता है क्रिसमस का रंगीन त्यौहार। बाकी भारतीय पर्वों की तरह इसके दिन और महीने नहीं बदलते – यह हमेशा…
मां कभी अबला नही होती
मां कभी अबला नही होती स्त्रियों को देवी कह कर पूजने वाले भारत में महिलाओं का जीवन अत्यंत ही संघर्षपूर्ण रहा है।हमारे जिस समाज में महिलाओं को हमेशा एक अबला नारी के रूप में देखा जाता है।आज मैं उसी समाज की एक ऐसी महिला की बात करूंगी, जिसको मैंने अपने बचपन से लेकर आज तक…
मां की ममता
मां की ममता माँ मेरी माँ तूँ ममता की मूरत है, निश्छल और प्यारी हसीं तेरी सूरत है, वो एहसास आज भी मेरे पास है….. जब तूँ मुझे हर पल अपने आँचल में ही छुपा कर रखना चाहती थी, क्यूंकि तुम्हे डर था की किसी की नज़र न लग जाये मुझे,… मैं बड़ी हो गयी…
पेड़ वाले बाबा
पेड़ वाले बाबा “मिस्टर विपिन चौरे” – रिटायर्ड आई एफएस अधिकारी।अपना नाम सुनकर विपिन अपनी जगह से उठा और सघे हुए कदमों से स्टेज की ओर बढ़ गया। प्रोटोकॉल के अन्तर्गत की गई रिहर्सल के अनुसार माननीय राष्ट्रपति को सबसे पहले उसने सादर नमस्कार करके हाथ मिलाया।राष्ट्रपति ने पुरस्कार प्रमाण पत्र और पद्मश्री पुरुस्कार उसे…
सृष्टि करती कुछ सवाल
सृष्टि करती कुछ सवाल….. क्या होता गर बच जाती उसकी जान… आ जाती लौट कर घर,वह बेटी लहूलुहान। स्वीकार कर पाते तुम उसको….? देते उसको उसका स्थान…..? या भोगती वह ,अपने ही ऊपर हुए जुल्म की सज़ा दिन-रात? अनन्त तक खिंच जाती वेदना -व्यथा की रेखाएँ…. जब देखती वह माँ का करुण विलाप.. दिशाओं को…