जब आप जंग पे निकली थीं, अस्पताल को

    जब आप जंग पे निकली थीं, अस्पताल को मेरे बाग़ में फलों से भरा एक दिव्य वृक्ष है, वृक्ष यह वृक्ष मेरे बाग़ की मुस्कुराहट है; मुस्कुराहट यह मुस्कुराहट जा रही है कल अवकाश पर! अवकाश उस अवकाश पर जहाँ सँवारा जाएगा मेरे पसंद की मुस्कुराहट की शाख़ को, शाख़ उस शाख़ को…

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राम के नाम पर दंगे

राम के नाम पर दंगे राम कौन हैं ! ‘रमते कणे कणे इति राम:’… जो प्राणी मात्र के हृदय में रमण करते हैं वह ‘राम’ है तथा जिनमें आमजन रमण करते हैं, ध्यान लगातें वह हैं ‘राम’ । शेक्सपियर ने कहा था कि नाम में क्या रखा है, हमारे यहां भी एक कहावत है ‘आंख…

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Expectation

Expectation Empty chair by the Christmas table. Thousands of glittering flames Dance on colorful ornaments. The whole world trembles, it slowly rocks. Green spruce smells like the woods. Like Ariadne, I weave Angel hair into memories and silence. I return to happy hours, To events that are now but dreams. I listen to every murmur,…

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तुम सक्षम हो माही!

तुम सक्षम हो माही!   दिन बीतते चले जाते हैं कई दफा यूँ ,जैसे सिर्फ घड़ी की सुईयां सरक रहीं हैं अपनी नियति के अनुसार .. पर वक़्त थम गया है कहीं पर और आपका मन मस्तिष्क भी, एक अजीब सी नीरवता चारों ओर संलिप्त है इसीलिए बहुत कुछ घटित होता रहता है आपके आसपास,…

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कोविड -19 और गर्भवती स्त्री

कोविड -19 और गर्भवती स्त्री आज कोविड-19 ने पूरे विश्व को अपने चपेट में ले लिया है । विश्व में बढ़ते हुए संक्रमण को संभालने और इलाज करनें के लिए हर स्तर पर विस्तार से कार्य हो रहें हैं। इस वायरस के तीव्रता को मेडिकल सेवा और रिसर्च में लगें, हर क्षेत्र के चिकित्सकगण और…

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अमर शहीद अशफाक उल्ला खां

अमर शहीद अशफाक उल्ला खां हमारा भारतवर्ष सैकड़ों वर्षों तक गुलामी के दंश को झेलता रहा । इतिहास के पन्नों को पलट कर देखें तो यह स्पष्ट होता है कि कोई बहुत बड़ा आक्रमणकारी आकर हमें गुलाम नहीं बनाया। इसके पीछे का कारण हम सभी अच्छी तरह जानते हैं हमारा देश छोटे-छोटे राज्यों में बटा…

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शत शत नमन

  शत शत नमन ममता से ओतप्रोत वे सभी ममतामयी सम्मानीय माताएं जिनका प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष दोनों ही रूप से मेरे और मेरे अपनों के जीवन में महत्वपूर्ण योगदान रहा हैं उन सभी माताओं एवं मेरी जन्मभूमि भारत माता के श्री चरणों में मैं सत् सत् नमन करता हूं एवं ईश्वर से प्रार्थना करता हूं…

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भारतीय मुक्ति-संग्राम में प्रेमचंद साहित्य का योगदान !!

भारतीय मुक्ति-संग्राम में प्रेमचंद साहित्य का योगदान !! किसी काल-विशेष के साहित्य में उस युग की विशेषताएँ प्रतिबिंबित होती रहती है। उसमें मूल मानवीय प्रवृत्ति और जातीय सांस्कृतिक स्थितियों एवं सामाजिक-राजनीतिक संघर्षों के चित्र भी देखे जा सकते हैं। यदि साहित्य समाज का दर्पण है तो इसमें देश तथा समाज की राजनीतिक स्थिति का विवरण,…

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उनको ना भूल पाएँगे

उनको ना भूल पाएँगे स्वतंत्रता के 75वें साल को मनाते हुए अचानक उन सबकी याद आना जरूरी है। उनके त्याग एवम्‌ बलिदान को कैसे भूल सकते हैं। उनकी जवानी को उन्होंने कुर्बान कर दिया। कर्नाटक राज्य में एक परम्परा का परिपालन किया जाता है जिसमें उन स्वतंत्रता सेनानियों को सम्मान दिया जाता है। उनको आमंत्रित…

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मार्गरेट हिल्डा थैचर

मार्गरेट हिल्डा थैचर मार्गरेट हिल्डा थैचर (रॉबर्ट्स), (बैरोनेस थैचर) का जन्म 13 अक्टूबर 1925 को हुआ था। मार्गरेट थैचर एक ब्रिटिश राजनीतिज्ञ और राजनेता थीं, जिन्होंने 1979 से 1990 तक यूनाइटेड किंगडम के प्रधान मंत्री और 1975 से 1990 तक कंज़र्वेटिव पार्टी की नेता के रूप में कार्य किया। वह पहली महिला ब्रिटिश प्रधानमंत्री थीं…

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