हमारी हिन्दी

हमारी हिन्दी हिंदी हमारी भाषा हैं। हिंद की परिभाषा हैं। हिन्दी हमारी संस्कृति हैं। संस्कार का सुविचार हैं पहले तो थी दबी-दबी सी। अब सिर ताने खड़ी हैं। सहमी सी हिंदी मेरी। आज सरपट दौड़ रही हैं। राह अपनी खुद बनाती, समृद्ध हो रही भाषा हैं। जुड़ रही है हिन्दी हमारी नई टेक्नोलॉजी से। क्षेत्रों…

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नारी हूँ

नारी हूँ नारी हूँ नारी ही कहलाऊँ न मैं राधा हूँ न मैं मीरा न मैं सीता हूँ न मैं गांधारी न मैं लैला हूँ न मैं सोहनी न मैं देवी हूँ न मैं दासी मैं तो सिर्फ ईश्वर की रचना त्याग, प्रेम ,ममता ,वात्सल्य से परिपूर्ण नारी हूँ ………. जिसे कई नामों से जाना…

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BASANT

BASANT (Spring)   Flowers during winter, Hide in earth’s cosy bed, Eager in summer for rebirth, Lifting their beautiful heads. Leaves and flowers, Just wait for the dark, wintry nights to go, And long bright sunny days to grow. Soon you see, in the months of, March April and May, Hazy mist and fog driven…

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Holy lamentation- PIETA

Holy lamentation- PIETA The heavy and embarrassed look imprisons the sadness of the moment The mourning of life The Holy Virginity captivates and invites The inanimate Divine Body completely surrendered looks eternally youthful perpetually moving The pain of the soul overflows and the Heavenly Kingdom receives the only truth crowning with glory our passions and…

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लैंगिक समानता और सशक्तिकरण

लैंगिक समानता और सशक्तिकरण सभी महिलाओं को आवश्यक रूप से नारीवादी नहीं होना चाहिए और सभी नारीवादियों को जरूरी नहीं कि महिलाएं हों। पितृसत्तात्मक सामाजिक योजना में, यह वास्तव में बहस का मुद्दा है कि क्या नारीवाद एक महिला का अंतिम गढ़ है या अस्तित्व के लिए उसकी प्राथमिक स्थिति है। हालांकि, इस बात से…

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” माँ बेटी – रिश्ता एक अनन्य शक्ति का  “

” माँ बेटी – रिश्ता एक अनन्य शक्ति का  “ ब्रिटेन के खूबसूरत पहाड़ी गांव में आज  प्राकृतिक रोष तो एक  जोरदार तूफान और बारिश के रूप में कहर ढा ही रहा था लेकिन राडु के घर में भी भूचाल और जलजले से कम वातावरण नहीं था। नन्ही बालिका जिया की जन्म से परिवार में…

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सुभागी

सुभागी महान कथा सम्राट, क़लम के सिपाही मुंशी प्रेमचंद जी की कहानी “सुभागी” पर समीक्षात्मक आलेख। कहा जाता है। जितना कहा जाना था। जितना लिखा जाना था, वो सब कहा और लिखा जा चुका है। प्रकृति प्रदत्त पंच तत्वों के नैसर्गिक एवम भौतिक प्रतिमान शाश्वत हैं। जिनकी विद्यमानता अनादिकाल से अनवरत स्थापित है। समय काल…

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फैशन

फैशन ट्रेंंड- 2019 अल्ट्रा वॉयलेट फैशन में इस बार का कलर है अल्ट्रा वॉयलेट। एथनिक हो या वेस्टर्न, यह कलर सभी तरह की ड्रेसेज़ में ट्रेंड करेगा। शिफॉन साडिय़ों और इवनिंग गाउन्स में तो इसके ढेरों शेड्स तैयार हैं। वहीं समर सीज़न के कॉटन फैब्रिक में भी यही रंग छाया रहेगा। शिफॉन साडिय़ां जहां खूबसूरत…

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मधुमास

मधुमास मधुर मधुर मधुमास खिला मन पुलकित उल्लास मिला। भासमान है सूर्य बिम्ब चल रहा साथ निज प्रतिबिम्ब। प्रकृति ओढ़ी है नव दुकूल मन में उठते हैं भाव फूल। कोकिला करे कुहू पुकार गायें भी भरती हुंकार। मन वासंती जागे उमंग बह रही ख़ुशी की नव तरंग। दे रही थाप गोरी पी के संग चढ़…

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क्या है गाँधीवाद ?

क्या है गाँधीवाद ? महात्मा गांधी के विचारों की समग्रता गांधीवाद के रूप में चर्चित है।उनके आदर्श, चिंतन, विश्वास और दर्शन से निकली विचारधारा स्वतंत्रता संग्राम के दौरान बहुत सफल रही और उन्हीं के आधार पर देश को स्वतंत्रता भी मिली। बिना हिंसा किये 600 वर्षीय अंग्रेजों की हुकूमत को उखाड़ फेंकना और उनके प्रशासन…

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