औरत ने जन्म दिया मर्दों को

“औरत ने जन्म दिया मर्दों को, मर्दों ने उसे बाज़ार दिया… जिस कोख से उसने जन्म लिया उस कोख का कारोबार किया!!” साहिर लुधियानवी की चुभती पंक्तियाँ, मुज़फ़्फ़रपुर कांड को भली भाँति दर्शाती है!..आज के परिवेश में देश में महिलाओं की स्थिति अच्छी नहीं कही जा सकती है…महिलाओं का शोषण दिनों दिन बढता जा रहा…

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The Wintertime Lover

The Wintertime Lover Skipping through the surface of pond, your smile greets me with solemn pride, a relentless poker-faced killer. nonchalant and composed. The four- leaf clover sprang up from the earth, longing for your gentle touch. Alas, you turned away in disdain for such a young love in bud. A flicker of hope came…

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मकर संक्रांति

मकर संक्रांति मकर राशि में कर प्रवेश रवि, ऊर्जा नवल धरे | जीवन के पावन आँगन रवि, मंगल ज्योति भरे | उत्तरायण जाए दिवाकर, ऋतु नव बदल रही | शिशिर गिराता पीत वसन है, मधु ऋतु मचल रही | मन में मंगल भाव लिए जन, पुण्य प्रताप वरें | जीवन के पावन आँगन रवि, मंगल…

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याज्ञवल्क्यस्मृति

याज्ञवल्क्यस्मृति आपने मनु स्मृति का नाम खूब सुना होगा। मगर बहुत कम लोगों ने याज्ञवल्क्य स्मृति का नाम सुना होगा। वैसे तो हिन्दू धर्म में न्याय और सामाजिक व्यवहार पर केंद्र 18 से अधिक स्मृतियां रची गयी हैं। मगर आपको यह जानकर आश्चर्य होगा कि भारत का संविधान बनने से पहले तक हिंदुओं के लिये…

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हरफनमौला बंशी

हरफनमौला बंशी बंशी उठ जा! देख सभी उठ गए |सूरज पंक्षी पेड़ पौधे| देख गाय भी रंभा रही | उठ जा तू भी |बंशी को अम्मा परेशान सी झकझोर रही थी| वो चादर को सिर तक ओढ़ कर कमरे की कोने वाली चौकी पर अड़ा सा पड़ा हुआ था | उठ जा रे लड़के…. उठ…

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बढ़ते कदम : 1947 से आज तक

बढ़ते कदम : 1947 से आज तक स्वतंत्रता संग्राम, आजादी की लड़ाई, गुलामी से मुक्ति, स्वराज्य – ये मात्र शब्द नहीं हैं। इनसे हमारे भावनात्मक संबंध हैं जो आज से 73 साल पहले 15 अगस्त, 1947 को पूरे हुए। एक कड़े संघर्ष के बाद देश अपने लिए खड़ा था, अपने पैरों पर। अपना राज्य, अपनी…

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Canvas

    Canvas Shells I will collect beautiful corals from the abyss of your eyes . Plum pearls look like Light and shine scatter dragging the hesitation, the embarrassment of the moment. Your lips cool the flame of the soul, soothes the unbridled adolescence Stable figure your eternal inertia, your immobility And the soul crowns…

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जीना सिखाया

जीना सिखाया ज्ञान का दीपक कर उजागर शिक्षक आपने जीना सिखाया कभी डांट कर कभी प्यार से जीवनबोध का पाठ पढ़ाया। याद आती है कक्षा मे जब उत्सुक नजरों से घूरते थे सब अनायास व्याख्यान कौशल से तात्विक बातें हमें समझाया। कठिन पाठ को सरल बनाकर रोचक ढंग से प्रस्तुत करते सोचते थे हम, कैसे…

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