माटी का सपूत

माटी का सपूत देशभक्ति अपने उबाल पर थी, जय हिंद के नारों से गली-गली, मोहल्ला-मोहल्ला गूंज उठता था, समूचा देश एक क्रांति के दौर से गुजर रहा था । आए दिन देशभक्ति और वीरो की हुंकार देश की जनता के प्राणों में नये जोश भर देती थी, देशभक्तों की टोलियों द्वारा योजनाएँ बनाकर ट्रेनों पर…

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रिश्तों की रेखा

रिश्तों की रेखा   “मेम साहिब,आप के जाने के बाद जाने कौन आयेगा इस बंगले में?” बिजया ने काँच के गिलासों को अख़बार में लपेटते हुए कहा था। बिजया की बात सुन कर याद आया बस एक हफ़्ता ही तो रह गया है हमारा असम में। आलोक का तबादला दिल्ली हो गया था। “बिजया मौसी,…

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भारत के महानायक:गाथावली स्वतंत्रता से समुन्नति की- सिद्धू और कान्हू

’संताल-हूल’ के महान सेनानी-सिदो एवं कान्हू  संथाल परगना के भू-खंड जो ’दामिन-ई-को, के नाम से जाना जाता था, उसी क्षेत्र में भगनाडीह ग्राम के देश परगना चुनका मुर्मू के घर में चार महान सपूतों-सिदो-कान्हू एवं चांद-भैरो ने जन्म लिया। उन्होंने स्वतंत्र संग्राम के उस गौरवमय इतिहास को लिखा । उन महान अमर शहीदों के जीवन…

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FRAGRANCE OF LOVE

FRAGRANCE OF LOVE Fragrance of love with intoxicated intense, Showering blessings of caring in presence, Wonder of life is beautifully vagrant, Sprayed perfumes of exquisite experience. Genuine love is in unconditional surrender, Mystical magician an unknown wanderer, Unparalleled joy is always a wonder, Passionate petals opening splendour. Morning dawn brings golden bursts, Journey of discovery,meaningful…

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हम सबके थे प्यारे बापू

हम सबके थे प्यारे बापू राम और कृष्ण के बाद शायद गांधी ही हैं जिन्हें भारत ने आज भी अपनी चेतना में परोक्ष या अपरोक्ष रूप से जीवित रखा है, आदर्श और अपना बापू माना है । एक पिता की तरह उन्होंने 300 साल से पराधीन और अपंगु भारतीय चेतना के कानों में सत्य और…

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हरि अनंत हरिकथा अनंता

हरि अनंत हरिकथा अनंता तुलसीदास के ‘हरि अनंत हरिकथा अनंता’ की तरह ही विविध आयामी और नवों रसों से भरपूर रामकथा भारत ही नहीं, विश्व के कई देशों में प्रचलित है। असल में देखा जाए तो आदिकवि वाल्मीकि कृत रामायण में जिन-जिन स्थानों का उल्लेख है, भौगोलिक उन सभी क्षेत्रों में साहित्य और संस्कृति के…

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हिंदी ऐसी भी

हिंदी ऐसी भी “सुनिये, आप मेरा मोबाइल दुकान पर जाकर दिखा लाओ। इसमें बहुत दिनों से राहुल का फोन नहीं आ रहा। शायद अमेरिका का नेट यहाँ काम नहीं कर रहा।”, वेणु हाथ में लिए मोबाइल को किशोरजी को देते हुए बोली। “अरे वेणु..”, कहते हुए किशोरजी बोलते हुए चुप हो गए और मोबाइल लेकर…

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उचित सहयोग

उचित सहयोग   जब से संदीप को पैरालिटिक अटैक आया था और उसका कामकाज बंद सा ही हो गया था, तब से परिवार की आर्थिक स्थिति डवाँडोल रहने लगी थी। वैसे तो उसकी पत्नी काजल बहुत ही समझदार और संतुलित महिला थी, हिसाब किताब से घर चलाना उसे आता था, किसी से सहयोग लेना भी…

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