सुधा मूर्ति

सुधा मूर्ति बीते 75 सालों में हमने हर वर्ष देश की आज़ादी का जश्न मनाया है और हम उन सभी वीर-वीरांगनाओं को याद करते रहे हैं, जिन्होंने देश की आज़ादी के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया। उन सभी पुण्यात्माओं को मेरा नमन। आज कुछ अलग करते हुए हमें उन लोगों को भी याद करना…

Read More

ये जंग भी हम जीतेगें

ये जंग भी हम जीतेगें क्या तुमने सोचा था कभी, कि ऐसा समय भी आएगा। ये कोरोना वायरस दुनिया को, अलग सा अनुभव दे जाएगा। पूजा की थाली ना होगी, बन्द होंगे पूजा के द्वार। मन्दिर में प्रसाद न होगा, होगी ना भक्तों की कतार। पिता का आँगन, माँ का खाना, मैके की बस रहेगी…

Read More

सन्नी का कोरोना

सन्नी का कोरोना सन्नी कोने में और दुबककर, खिसककर बैठ गया था। चारों तरफ बीमार लोगों की चीख-पुकार और अस्पताल की गाड़ियां और भाग -दौड़ दिख रही थी। ये माहौल उसे और सहमा रहा था। सिर्फ दस साल का है वो। तीनों भाई-बहनों में सबसे छोटा। बड़ी बहन रोशनी की शादी पिछले साल ही हुयी…

Read More

डॉ विनीता कुमारी की कविताएं

  डॉ विनीता कुमारी की कविताएं 1.भारत की नारी कवि नहीं, कवयित्री नहीं, भारत की नारी मैं हृदय की बात सुनाती हूं। वैदिक जीवन – दर्शन का, भारत के वीर शहीदों का, वतन के राष्ट्रगीतों का, मैं वंदनगान करती हूं। भारत की नारी मैं, हृदय की बात सुनाती हूं। गोरे घर छोड़ गए, लोगों को…

Read More

हरेला

हरेला आज सोलह जुलाई है। इस दिन हमारे उत्तराखंड का राजकीय पर्व हरेला मनाया जाता है। पर्व की परंपरा यह रही है कि परिवार के मुखिया एक टोकरी में मिट्टी डालकर उसमें गेहूं, जौ, मक्का, उड़द, गहत, सरसों, चना बो देते हैं। नवें दिन डिकर पूजा यानी गुड़ाई होती है। दसवें दिन हरेला काटा जाता…

Read More

सब माया है

सब माया है वह अकेला रह गया था। सोने के पिंजरे और सोने की कुर्सी पर बैठा ‘अकेला आदमी’। वह हमेशा से अकेला नहीं था। अपने भरे पूरे परिवार में पांच बहनों के बीच इकलौता भाई सबका लाड़ला था। पिता थोड़े कड़क स्वभाव के थे, सो बच्चों और पिता के बीच हमेशा एक कम्युनिकेशन गैप…

Read More

सबसे बड़ी पराजय

सबसे बड़ी पराजय सरिता से हमारा परिचय फेसबुक पर ही हुआ था।वह हमारें उन तमाम मित्रों में से एक थी,जो फेसबुक की सूची में थे और पोस्टों पर लाइक या कॉमेंट कर देते थे।व्यक्तिगत एक दूसरे को नहीं जानते थे।लड़कियों के मामले में मैं अपनी ओर से संकोचशील ही रहता था;यानी येन केन प्रकारेण,जल्दी जल्दी…

Read More

यू आर माय वैलेंटाइन

    यू आर माय वैलेंटाइन मैं और तुम दो अलग अलग चेहरे दिल शरीर जान आत्मा व्यक्तित्व परिवार दोस्त वातावरण फिर भी हम ऐसे एक दूसरे मे यूं समाहित हुए मेरा सब कुछ हुआ तेरा तेरा सब कुछ हुआ मेरा तेरा मान सम्मान स्वभिमान सुख दुःख सफलता धन सम्पत्ति परिवार जिम्मेदारी हुई मेरी और…

Read More

भारत के महानायक:गाथावली स्वतंत्रता से समुन्नति की- सावित्रीबाई फुले

सावित्रीबाई फुले महाराष्ट्र के सतारा जिले के नयागांव में एक दलित परिवार में 3 जनवरी 1831 को जन्‍मी सावित्रीबाई फुले भारत की पहली महिला शिक्षिका थी। इनके पिता का नाम खन्दोजी नैवेसे और माता का नाम लक्ष्मी था। सावित्रीबाई फुले शिक्षक होने के साथ भारत के नारी मुक्ति आंदोलन की पहली नेता, समाज सुधारक और…

Read More