मैरी क्यूरी: वैज्ञानिक खोज की एक विरासत

मैरी क्यूरी: वैज्ञानिक खोज की एक विरासत मैरी क्यूरी विज्ञान के क्षेत्र में अग्रणी थीं और वैज्ञानिक समुदाय में महिलाओं के लिए एक गुरु, एक मार्गदर्शक थीं। रेडियोधर्मिता के साथ उनके काम ने ग्राउंड-ब्रेकिंग खोजों को जन्म दिया जिसने आधुनिक चिकित्सा और भौतिकी के पाठ्यक्रम को बदल दिया। यह लेख मैरी क्यूरी की एक विस्तृत…

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यत्र नार्यस्तु पूज्यंते

यत्र नार्यस्तु पूज्यंते पंडित त्रिलोकी प्रसाद मिसिर,स्त्री जाति का बहुत सम्मान करते। कभी भी अपशब्द का प्रयोग नहीं करते उनके लिये ।स्त्री जाति को वे देवी का रूप मानते।उनका विश्वास था जिस घर मे नारी की पूजा होती है,वहाँ देवता निवास करतें हैं। वे अक्सर बनवारी माली,रघु खटीक,ठाकुर हरिसिंग को समझाते,बात बेबात औरतों पर हाथ…

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इश्क रूमानियत से रूहानियत तक

  मेरा मेहबूब नज़ाकत वो कहाँ मिलती किसी को अब दोबारा जिनपर हम मर मिटे हैं उनपर हमारा दिल है हारा हर मंज़र में वो दिखते है उनसे ही सब नज़ारा उन बिन सांस भी आए ना हमें है यह गवारा नज़ाकत कहाँ मिलती किसी को अब दोबारा जिनकी हसरतों के बूते ख्वाब रातों में…

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Deteriorating Situation In Sri Lanka

Deteriorating Situation In Sri Lanka It’s the unfortunate period of political and acute economic crisis in some countries of Indian Sub- continent. Afghanistan reverted to Taliban rule from 15th August 2021 but after so many months common man is struggling for fulfilling his basic needs and children too are suffering on nutrition front.Women in general…

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जनसंख्या: कितना उपादान, कितना व्यवधान

जनसंख्या: कितना उपादान, कितना व्यवधान जनसंख्या अर्थात जनशक्ति अर्थात सृष्टि का सबसे समर्थ ऊर्जा स्रोत, जो दूसरे ऊर्जा स्रोतों के बेहतर प्रयोग एवं बेहतर प्रयोग की दिशा में अन्वेषण में सक्षम होता है। जगत में जिसका भी अस्तित्व है- भौतिक/ अभौतिक, उन सबों का स्वामित्व है इसके पास। स्वामित्व है तो उत्तरदायित्व भी होना चाहिए।…

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तेरे शरण हम आए प्रभु

तेरे शरण हम आए प्रभु ईश्वर, अल्लाह, ईशा , वाहे गुरु तेरे शरण हम आए प्रभु.. कोरोना से हाहाकार मचा है अब ना कोई देश बचा है.. तेरे शरण हम आए प्रभु.. आप ही अब रखवाला प्रभु.. चेहरे पर सबके मास्क है गंभीर बड़ा ये टास्क है जनजीवन त्राहि त्राहि है चैन कहीं भी नहीं…

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नारी अधिकारियों का मजबूत कंधा-एलिस पाॅल

नारी अधिकारियों का मजबूत कंधा-एलिस पाॅल एलिस स्ट्रोक्स पाॅल का जन्म 11 जनवरी 1885 को न्यूजर्सी के माऊंट लार्रेल टाउन में हुआ। इनके पिता विलियम मिल पाॅल एक सफल व्यवसाई थे तथा विंथ्रोब परिवार के वंशज थे।इनकी मांँ टेसी पेरी पॉल सोसाइटी ऑफ फ्रेंड्स के आंदोलन में सक्रिय सदस्य थीं। एलिस दो बहन एवं दो…

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सिमोन द बोउवार

  सिमोन द बोउवार 20वीं सदी की महान् दार्शनिकों में से एक, स्त्रीवादी विमर्शों के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली सिमोन द बोउवार । वैश्विक नारीवादी आंदोलन की एक महत्वपूर्ण किरदार हैं। सिमोन द बोउआर इनका जन्म जनवरी 1908 में एक अमीर घराने में,फ़्रांस के पेरिस में हुआ था। प्रथम विश्वयुद्ध के बाद उनके घर…

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गणिका

गणिका ‘चरित्रहीन हो, बेगैरत हो, हो निर्लज्ज और कुल्टा’ ऐसे कितने तीर चला कर कहते हो मुझको गणिका ! शफ्फाक वस्त्र में सजे हुये, पर अंदर से उतने मटमैले, रुतबे वाले ,रँगे सियार, इस समाज में हैं फैले ! भूल के अपनी मर्यादा औ’ भूल के पत्नी का वह प्यार , काम पिपासा के कामातुर,…

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