अम्फन के बाद की शाम
अम्फन के बाद की शाम आज शाम आकाश , उजले-नीले बादलों से आच्छादित। यूँ प्रतीत हो रहा जैसे मानो, प्रकृति अपने आलय के छत को, सजा रही अनेक गुब्बारों से। जो हवा के साथ गतियमान हैं, कभी बदलते आकार, रंग कभी। सजावट की गुणवत्ता नाप रहे हो जैसे , किसी गृहस्वामिनी के गृह -सज्जा के…