भारत के महानायक:गाथावली स्वतंत्रता से समुन्नति की- डाॅ वर्गीस कुरियन
नए दौर की नई कहानी – डाॅ. वर्गीज कुरियन डाॅ. वर्गीज कुरियन से मेरा पहला परिचय हुआ था यू.पी.एस.सी. की परीक्षा की तैयारी करते हुए। उनके ‘अमूल’ और ‘श्वेत क्रांति’ की चर्चा किताबों में थी। 1948 से लेकर 1965 तक मैनेजर ‘अमूल’ की जबाबदारी उन्होंने बड़ी बखूबी निभाई और उस आदमी की सूझ बूझ और…